Sri Lanka Crisis: वरिष्ठ नेता दिनेश गुणवर्धने (Dinesh Gunawardena) को शुक्रवार को श्रीलंका का नया प्रधानमंत्री नियुक्त किया गया। श्रीलंका के नए राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे (Ranil Wickremesinghe) ने शुक्रवार को अपने मंत्रिमंडल को शपथ दिलाई। बता दें विक्रमसिंघे के राष्ट्रपति बनने के बाद प्रधानमंत्री पद खाली हो गया था। छह बार प्रधानमंत्री रह चुके विक्रमसिंघे ने बृहस्पतिवार (21 जुलाई) को देश के आठवें राष्ट्रपति के तौर पर शपथ ग्रहण की थी।

दिनेश गुणवर्धने को बनाया गया था गृहमंत्री
दिनेश गुणवर्धने के बात करें तो इनको अप्रैल में, पूर्व राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्षे (Gotabaya Rajapaksa) के कार्यकाल के दौरान गृह मंत्री बनाया गया था। वह विदेश मंत्री और शिक्षा मंत्री के तौर पर भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं।

बुधवार को हुआ राष्ट्रपति चुनाव
इससे पहले बुधवार (20 जुलाई) को हुए राष्ट्रपति चुनाव में 225 सदस्यीय संसद में विक्रमसिंघे को 134 वोट मिले। विक्रमसिंघे अब गोटबाया राजपक्षे के बाकी बचे कार्यकाल तक राष्ट्रपति पद पर बने रहेंगे, जो नवंबर 2024 में खत्म होगा।

प्रदर्शन देखकर गोटाबाया राजपक्षे देश छोड़कर हुए फरार
गौरतलब है कि पिछले दिनों हजारों की संख्या में प्रदर्शनकारी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास में घुस गए थे जिसके बाद राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्षे देश छोड़कर फरार हो गए थे और अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद पीएम रानिल विक्रमसिंघे को कार्यवाहक राष्ट्रपति बनाया गया था।

आर्थिक संकट से जूझ रहा श्रीलंका
जैसा की आप जानते हैं कि श्रीलंका भारी आर्थिक संकट से गुजर रहा है। देश में ईंधन सहित तमान जरूरी चीजों की कमी हो गई है। देश को 2.2 करोड़ की आबादी की मूल आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए अगले महीनों में करीब पांच अरब डॉलर की आवश्यकता है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *