Bharat Bandh: भारत सरकार की निजीकरण की नीतियों के खिलाफ सेंट्रल ट्रेड यूनियन ने 28 और 29 मार्च को बंद बुलाया है। नेशनल कोऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ इलेक्ट्रिसिटी एम्प्लाईज एन्ड इंजीनियर्स (NCCOEEE) की बैठक में यह फैसला लिया गया था सोमवार को पश्चिम बंगाल, केरल समेत कुछ राज्यों में बंद का असर भी दिखने लगा है। यूनियन का कहना है कि ये बंद सरकार की कर्मचारी, किसानों और आम नागरिकों को प्रभावित करने वाली नीतियों के खिलाफ बुलाया गया है। हावड़ा में कर्मचारियों ने सड़क पर उतर कर बंद कराया।

संगठन में शामिल ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने बताया कि 28 और 29 मार्च को देश भर के श्रम संगठनों के आह्वान पर देश के सभी राज्यों के तमाम बिजली कर्मचारी भी केंद्र सरकार की निजीकरण की नीतियों के विरोध में दो दिन की हड़ताल में हिस्सा लेंगे।

भारत बंद में कौन-कौन हुआ शामिल?
यूनियन के मुताबिक, बैंकिंग और बीमा समेत वित्तीय क्षेत्र इस हड़ताल में कोयला, इस्पात, तेल, दूरसंचार, डाक, आयकर विभाग से जुड़े कर्मचारियों ने भी बंद का समर्थन किया है।

भारत बंद बुलाने के कारण
यूनियन के मुताबिक, केंद्र की बीजेपी सरकार लगातार कर्मचारी लोगों को निशाना बना रही है। सरकार ने हाल ही में PF पर मिलने वाले ब्याज में 8.5% से 8.1% कटौती की है। इसके अलावा ईंधन यानी पेट्रोल, डीजल और LPG की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। बैंक यूनियनों ने दो दिवसीय 28 और 29 मार्च को हड़ताल की घोषणा की है। बैंक कर्मचारी निजीकरण के खिलाफ बंद में शामिल हुए हैं।

बैंक, रेलवे-सड़क परिवहन और बिजली जैसी सेवाओं पर पड़ेगा असर
जानकारी मिली है कि बंद का असर बैंक, रेलवे-सड़क परिवहन और बिजली जैसी सेवाओं पर पड़ सकता है। सेंट्रल ट्रेड यूनियन ने बयान जारी कर बताया कि केंद्रीय ट्रेड यूनियनों और क्षेत्रीय संघों ने हाल ही में दिल्ली में एक बैठक की थी। इसमें भारत बंद की तैयारियों का जायजा लिया गया था। यूनियन के मुताबिक, केंद्र सरकार की जनविरोधी और राष्ट्र विरोधी नीतियों के खिलाफ भारत बंद बुलाया गया है।

हरियाणा में ट्रांसपोर्ट सेवाएं ठप
वहीं इसका असल हरियाणा में भी देखने को मिला, हरियाणा में हड़ताल के चलते 3000 बसों की रफ्तार थम गई. हरियाणा में कई मांगों को लेकर रोडवेज कर्मचारी लंबे वक्त से संघर्ष कर रहे हैं। पुरानी पेंशन बहाली, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना और निजीकरण के खिलाफ बंद बुलाया गया है। हरियाणा में कर्मचारियों ने बंद का पूरा समर्थन किया है। यह बंद दो दिन जारी रहेगा। जींद में बंद के चलते दिल्ली आगरा और अन्य लंबे रूटों की सेवाएं बाधित हैं। हालांकि, पुलिस ने दावा किया है कि बसों को चलवाया जा रहा है।

हावड़ा में दिखा मिला-जुला असर
बात करें पश्चिम बंगाल की तो ,यहां के हावड़ा में बंद का मिलाजुला असर देखने को मिला। कहीं कहीं वामपंथी संगठन बाजार और अन्य सेवाएं भी बंद कराते नजर आए। बताया जा रहा है कि दिन चढ़ने के साथ ही साथ बंद का प्रभाव इन इलाकों में खास तौर पर देखने को मिलेगा, जहां वामपंथियों की पकड़ मजबूत है।

कोलकाता के जादवपुर रेलवे स्टेशन पर रोकी ट्रेन
पश्चिम बंगाल में विभिन्न ट्रेड यूनियनों की ओर से दो दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल शुरू हो गई है, जिसके मद्देनजर वाम मोर्चे के सदस्यों ने कोलकाता के जादवपुर रेलवे स्टेशन पर भारी संख्या में इकट्ठा होकर रेलवे ट्रैक को ब्लॉक कर दिया है।

 

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